सरदार जस्सा सिंह रामगढ़िया: एक महान योद्धा और रामगढ़िया मिसल के संस्थापक
सिख पंथ के इतिहास में सरदार जस्सा सिंह रामगढ़िया (1723-1803) का नाम स्वर्ण अक्षरों में अंकित है। वह एक कुशल रणनीतिकार, निडर योद्धा और रामगढ़िया मिसल के शक्तिशाली प्रमुख थे। उन्हें ‘रामगढ़िया’ की उपाधि अमृतसर के प्रसिद्ध किले ‘राम रौणी’ (बाद में रामगढ़) के पुनर्निर्माण और रक्षा के कारण मिली थी। प्रारंभिक जीवन जस्सा…
सिंधु घाटी सभ्यता का संपूर्ण इतिहास
सिंधु घाटी सभ्यता: भारत का गौरवशाली इतिहास आज से लगभग 5,000 साल पहले, जब दुनिया के बाकी हिस्सों में लोग जंगलों में भटक रहे थे या कबीलों में रह रहे थे, तब हमारे भारत की धरती पर एक ऐसी सभ्यता का जन्म हुआ जो आज के बड़े शहरों (जैसे मुंबई या दिल्ली) की तरह व्यवस्थित…
सिंधु घाटी सभ्यता की खोज किसने की
सिंधु घाटी सभ्यता की खोज मुख्य रूप से भारतीय पुरातत्वविद् दयाराम साहनी ने 1921 में हड़प्पा स्थल पर की थी। खोज का इतिहास दयाराम साहनी ने भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के महानिदेशक जॉन मार्शल के निर्देशन में हड़प्पा (पाकिस्तान के पंजाब में) की खुदाई शुरू की, जहाँ से इस सभ्यता का पता चला। 1922 में…
सिंधु घाटी सभ्यता की प्रमुख विशेषता
सिंधु घाटी सभ्यता (IVC) प्राचीन भारत की सबसे पुरानी नगरीय सभ्यताओं में प्रमुख है, जो लगभग 3300-1300 ईसा पूर्व तक चली। कालक्रम प्रमुख स्थल स्थल स्थान विशेषता मोहनजोदड़ो सिंध, पाकिस्तान विशाल स्नानागार हड़प्पा पंजाब, पाकिस्तान पहली खुदाई स्थल लोथल गुजरात, भारत बंदरगाह शहर धोलावीरा गुजरात, भारत जल प्रबंधन प्रणाली कालीबंगा राजस्थान, भारत अग्नि वेदियाँ राखीगढ़ी…
सिंधु घाटी सभ्यता
सिंधु घाटी सभ्यता प्राचीन भारत की सबसे पुरानी नगरीय सभ्यताओं में से एक है। यह कांस्य युग की सभ्यता थी जो लगभग 3300 से 1300 ईसा पूर्व तक फली-फूली। भौगोलिक विस्तार यह सभ्यता सिंधु नदी और उसकी सहायक नदियों के किनारे फैली हुई थी, जो आज के पाकिस्तान और उत्तर-पश्चिम भारत (पंजाब, हरियाणा, गुजरात) तक…